New Delhi: Union Finance Minister Arun Jaitley addressing media after the 22nd meeting of the Goods and Services Tax (GST) Council, in New Delhi on Friday. PTI Photo by Atul Yadav(PTI10_6_2017_000240A)

नई दिल्ली। गुजरात चुनाव के दौरान कांग्रेस नेताओं को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की टिप्पणी पर भाजपा ने माफी तो नहीं मांगी है, लेकिन सफाई जरूर दी है. बुधवार को केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कहा, ‘गुजरात चुनाव के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने भाषणों में पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह या पूर्व उपराष्ट्रपति हामिद अंसारी की देश को लेकर प्रतिबद्धता पर न तो कोई सवाल उठाया था और न ही उनकी ऐसी कोई मंशा थी.’ उन्होंने यह भी कहा, ‘हम कांग्रेस के इन नेताओं का और भारत को लेकर इनकी प्रतिबद्धता का बहुत सम्मान करते हैं.’
राज्यसभा में वित्त मंत्री अरुण जेटली की सफाई से शीतकालीन सत्र शुरू होने के बाद से चला आ रहा गतिरोध समाप्त हो गया है. उनके बयान के बाद नेता प्रतिपक्ष गुलाम नबी आजाद ने उन्हें धन्यवाद दिया. उन्होंने यह भी कहा कि चुनावों के दौरान अगर किसी कांग्रेस नेता ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की गरिमा को ठेस पहुंचाने वाली टिप्पणी की हो तो पार्टी उससे खुद को अलग करती है. गुलाम नबी आजाद ने आगे कहा, ‘हम यह चाहते हैं कि भविष्य में ऐसी चीजें दोबारा न हों.’
गुजरात चुनाव के दौरान दिल्ली में कांग्रेस नेता मणिशंकर अय्यर के घर पर पाकिस्तान के पूर्व विदेश मंत्री खुर्शीद अहमद कसूरी के सम्मान में एक भोज दिया गया था. इसमें अन्य राजनयिकों और नेताओं के अलावा पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और पूर्व उपराष्ट्रपति हामिद अंसारी भी शामिल हुए थे. हालांकि, एक चुनावी सभा में इसे ‘गुप्त बैठक’ बताते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा था कि गुजरात में भाजपा की सरकार न बने, इसके लिए पाकिस्तान कांग्रेस के साथ मिलकर कोशिश कर रहा है. इस पर पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की तीखी प्रतिक्रिया आई थी. उन्होंने कहा था कि चुनावी फायदे के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक खतरनाक परंपरा की शुरुआत की है.