नई दिल्ली। नेल्सन मंडेला नोबेल पीस अवार्ड एकेडमी ने दिल्ली के कांस्टीट्यूशन क्लब में भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया। इस खास आयोजन में जहां केंद्रीय इस्पात राज्यमंत्री फग्गन कुलस्ते ने संबोधित किया। वहीं केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्यमंत्री रामदास अठावले ने सम्मान पाने वाले अवार्डी का हौसला आफजाई किया।
नेल्सन मंडेला नोबेल पीस अवार्ड एकेडमी के इस खास प्रोग्राम को संबोधितं करते हुए केंद्रीय इस्पाल राज्य मंत्री फगन्न कुलस्ते कहा कि इस कार्यक्रम में खचाखच भरे हॉल से यह साबित होता है कि लोगों को ऐसे इंटीग्रेसन की जरूरत थी जिसकी अभी पूर्ति हो गई है। जिसके लिए डॉ राम कुमार टॉक को जितनी बधाई दी जाए कम है। कोरोना काल के समय बहुत से ऐसे योद्धा हुए जिन्हें सम्मानित करने की जरूरत थी। आज ऐसे कार्यक्रम में सम्मानित किया गया है। फगन्न कुलस्ते ने कहा कि सम्मान पाने से समाज में किए गए कार्यों को जहां विशेष स्थान मिलता है वहीं आगे और अच्छा करने की प्रेरणा मिलती है। इतने अच्छे आयोजन के लिए डॉ राम कुमार टाक को बहुत बहुत बधाई। फगन्न कुलस्ते ने कहा कि यह अवार्ड पद्मश्री जैसा है जिसे पाकर लोगों को सम्मान बढ़ा है.
इस मौके पर केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्यमंत्री रामदास अठावले ने कहा कि जिन्हें सम्मान मिला है पहले तो उन्हें बधाई। कई ऐसे विशिष्ट व्यक्ति भी हैं जो सम्मान पाने के लिए उन्हें प्रेरणा मिल रही होगी। ऐसे कार्यक्रम से देश में इंटिग्रेशन होता है। सभी एक जगह एकजुट होते हैं तो देश के लिए सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ते हैं।
राम दास अठावले ने कांस्टिट्यूशन क्लब के खचाखच भरे हॉल को संबोधित करते हुए कहा कि यह अद्भूत पल है जहां कई विधा के लोग यहां उपस्थित हैं। आज इसकी जरूरत थी कि विभिन्न सेक्टरों क्षेत्रों के लोग साथ में कार्य करें जिसकी आज यहां पूर्ति हो रही है। यह आसान काम नहीं है। जिस कार्य को नेलसन मंडेला पीस अवार्ड एकेडमी के फाउंडर चेयरमैन डॉ राजकुमार टॉक ने पूरा किया। राजकुमार टॉक की जितनी तारीफ की जाए कम है।
इस खास आयोजन में प्रह्लाद भाई मोदी ने अवार्डियों का हौसला आफजाई किया ओर सबकी प्रशंसा की।
इस मौके पर मिसेस इंडिया यूनिवर्स रूपल मेहता ने महिलाओं को आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने को कहा। मंच पर रूपल मेहता के होने भर से लोगों में उत्साह दोगुनी साफ दिख रही थी। जिस आत्मविश्वास के साथ रूपल मेहता ने सबका अभिवादन किया उसकी खूब प्रशंसा की गई।
दिल्ली के कांस्टीट्यूशन क्लब में नेल्सन मंडेला नोबेल पीस अवार्ड में कई नामी कलाकारों को सम्मान दिया गया जिसमें मैथिली ठाकुर, राज कुमार नाहर, संतोष कुमार नाहर सहित अन्य कलाकार थे। इस मौके पर मैथिली ठाकुर ने एक गीत गाकर लोगों का मन मोह लिया।
इसके साथ ही कैलाश बिहारी सिंह की शब्द यात्रा पुस्तक का विमोचन किया गया। इस मौके पर शब्द यात्रा पुस्तक के बारे में बताते हुए डॉ कैलाश बिहारी सिंह ने कहा कि इस पुस्तक में हमारी पचास वर्षो की यात्रा है। साथ में सेल्स प्रोफेशलन रहते हुए संघर्षों ओर चुनौतियों के बारे में विशेष चर्चा है। महत्वपूर्ण जिम्मेदारी होने के बावजूद संवेदनशील रचना को रखने की कोशिश की है।
कैलाश बिहारी सिंह ने कहा कि 2009 से 2014 के बीच चुनौतियां काफी थी जब मैं अस्पताल के बिस्तर पर पड़ा था लेकिन इस समय में भी कविता लिखता रहा। जो रिश्तों का आभास हुआ वह कविताओं में व्यक्त किया है।
इस मौके पर नेंल्सन मंडेला नॉबेल पीस अवार्ड एकेडमी के फाउंडर चेयरमैन डॉ राज कुमार टाक ने कहा कि हमारी कोशिश है कि देश और समाज के उन व्यक्तियों को सम्मानित किया जाए जो समाज के लिए अतिमहत्वपूर्ण कार्य करते हैं। जिससे उनका उत्साह बढ़ता रहे। इसी कड़ी में आज दिल्ली में कार्यक्रम किया गया है। जिसमें कई अतिमहत्वपूर्ण हस्तियों ने भाग लिया है। आज कोरोना काल में सभी लोग निकल रहे हैं ऐसे में आज के समय में मिलना जुलना भी है ओर सेहत का भी खास ख्याल रखना है।
डॉ राम कुमार टाक ने कहा कि फाउडेंशन समाज में निचले तबके के लोगों के लिए भी लगातार कार्य करता रहा है जिसमें कई हस्तियों का भी सहयोग रहा है। हमारी कोशिश है कि ऐसे अवार्ड देश के हर शहर में किया जाए जिसके लिए वे प्रयत्नशील हैं।
इस मौके पर श्याम नारायण सिंह को याद किया गया। जब उनके वृत्त चित्र दिखाए जा रहे थे तो लोगों ने अपनी जगह से उठकर उनको याद किया।