नई दिल्ली। उपराष्‍ट्रपति श्री एम वेंकैया नायडू ने गैर-संचारी रोगों में हो रही बढ़ोतरी के मद्देनजर डॉक्टरों से लोगों और विशेष रूप से युवाओं को आलस्‍यपूर्ण जीवन शैली तथा अस्‍वास्‍थ्‍यकर खान-पान की आदतों के खतरों के प्रति जागरुक बनाने का आह्वान किया है।

आज यहां चिकित्‍सक दिवस के अवसर पर दिल्ली मेडिकल एसोसिएशन के एक प्रतिनिधिमंडल के साथ बातचीत करते हुए, श्री नायडू ने उन्‍हें डाक्‍टरों के प्रति लोगों के श्रद्धाभाव का स्‍मरण कराया और चिकित्‍सक समुदाय से अनुरोध किया कि वे पूरी सहानुभूति और करुणाभाव के साथ लोगों की सेवा करें।

स्‍वास्‍थ्‍य सेवाओं को समाज के दलित और वंचित वर्ग के लिए आसान और सुगम बनाने के महत्‍व पर जोर देते हुए उपराष्‍ट्रपति ने कहा कि वह चाहते हैं कि सभी डाक्‍टर अपने आस पास के इलाकों के शिक्षण संस्‍थानों में जाएं और वहां बच्‍चों को आलस्‍यूपर्ण जीवनी शैली तथा अस्‍वास्‍थ्‍यकर खान-पान की आदतों के खतरों के प्रति सचेत करें।